छठव्रतियों ने की खरना पूजा, अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य आज

खरना का प्रसाद ग्रहण करने के बाद, 36 घंटे का करेंगे निर्जला उपवास
रिपोर्ट, संजय सोनार
कुर्था (अरवल) कार्तिक मास शुक्ल पक्ष चतुर्थी तिथि से शुरू हुए लोक आस्था और सूर्यउपासना के चार दिवसीय छठ महापर्व के दूसरे दिन के अनुष्ठान में व्रती खरना कर शाम को सूर्यदेव व्रत रखने वाली महिलाएं और पुरुष दिनभर उपवास करने के बाद शाम को घर में शुद्धता से तैयार की गई गुड़ की खीर,गेहूं की रोटी और केला का प्रसाद भगवान सूर्य को अर्पित करने के बाद।भगवान सूर्य को चढ़ाए गए प्रसाद रूप में ग्रहण करने के बाद 36 घंटे का निर्जला व्रत अनुष्ठान करेंगे। वहीं जिन लोगों के घरों में यह पर्व नही मनाया जाता उन्हें व्रती परिवार की ओर से निमंत्रण देकर प्रसाद खिलाया गया और व्रती अपने परिवार के लोगों के साथ आज को पूजा स्थलों व घाटों पर पहुंच कर शाम को अस्त होते सूर्य को अर्घ्य अर्पित करेंगे। कुर्था सूर्य मंदिर,नदौरा सूर्य मंदिर,पंतीत आदि स्थानों पर बड़ी संख्या में लोग पहुंचें हुये हैं। इसके अगले दिन उगते हुए सूर्य को दूसरा अर्घ्य अर्पित करने के साथ ही व्रत का पारणा होगा।

