दीदी के पुण्यतिथि पर शिव शिष्य परिवार ने लिया तीन सूत्र करने का संकल्प.



अरवल, शिव शिष्यता के जनक साहब श्री हरीद्रानंद जी की अर्धांगिनी राजमणि ममतामई दीदी नीलम आनंद की 20 वी पुण्यतिथि के अवसर पर शिव शिष्य परिवार ने साहब श्री के द्वारा दिए गए तीन सूत्र को नियमित रूप से करने का संकल्प लिया गया. दीदी के पुण्यतिथि के अवसर पर प्रखंड परिसर स्थित शिव मंदिर के प्रांगण में शिव शिष्य परिवार के द्वारा एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया. जिसमें सर्वप्रथम दीदी के पहले तैल चित्र पर शिव शिष्य परिवार के द्वारा पुष्पांजलि अर्पित किया गया एवं संकल्प लिया गया कि इस प्रकार से आप अपने पूरे जीवन की आहुति धरातल पर शिवा गुरु कार्य को बढ़ाने में लगा दिया है उसी प्रकार मेरा भी जीवन मेरे गुरु शिव के कार्य को बढ़ाने में व्यतीत हो. इस अवसर पर शिव शिष्य परिवार के द्वारा भजन संकीर्तन का भी आयोजन किया गया. साथ ही दीदी के जीवनी पर प्रकाश डाला गया. उनके जीवनी पर प्रकाश डालते हुए शैलेश गुरु भाई ने कहा कि दीदी माँ बड़े घर तालुक रखते हुए भी उन्होंने घर आए हुए गुरु भाई बहनों के सत्कार करने और मान सम्मान देने में कहीं कोई कमी नहीं किया. सच कहा जाए तो उन्होंने अपने खून से शिव शिष्य परिवार की बगीचा को सीचने का काम किया है और उनके द्वारा यह कहा भी गया है कि शिव कार्य में जो कोई भी ईमानदारी से चलेगा उसके जीव उसके लौकिक जीवन के कांटे में चुन लूंगी. साथ ही उन्होंने कहा है कि अगर आप साहब श्री के द्वारा दिए गए तीन सूत्र का ईमानदारी पूर्वक पालन करते हैं तो मैं सदैव आपका साया बनकर आपके साथ रहूंगी.विदित हो कि दीदी का निधन 2005 में 17 जून को हुआ था. इसके बाद से प्रत्येक वर्ष शिव शिष्य परिवार के द्वारा श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन उनके पुण्यतिथि के अवसर पर किया जाता है. इस अवसर पर मुख्य रूप से दिलीप भाई, सेठ भाई, वकील भाई, रामविलास भाई, मनोरमा देवी, उषा देवी, नीलम देवी, साहित कई भाई बहनों ने उनकी जीवनी पर प्रकाश डाला और लोगों को उनसे प्रेरणा लेने की अपील किया.(फ़ोटो)
