हुलासगंज नगर ईकाई विद्यार्थी परिषद ने एक दिवसीय सेवा शिविर का किया आयोजन


हुलासगंज ( जहानाबाद)
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद सेवार्थ विद्यार्थी हुलासगंज नगर इकाई के द्वारा श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के शुभ अवसर पर एक दिवसीय सेवा शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर हुलासगंज स्थित प्राचीन श्री लक्ष्मी नारायण मंदिर परिसर में लगाया गया, जहाँ प्रतिवर्ष जन्माष्टमी पर्व पर विशाल मेला आयोजित होता है और आसपास के गाँवों सहित दूर-दराज़ से भी हजारों श्रद्धालु दर्शन एवं पूजन के लिए पहुँचते हैं।
इस अवसर पर परिषद के कार्यकर्ताओं ने सेवा और सहयोग का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया। शिविर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था की गई। तपती धूप और भीड़-भाड़ के बीच कार्यकर्ताओं द्वारा लगाए गए जलपान केंद्र श्रद्धालुओं के लिए संजीवनी साबित हुए।
मेले के दौरान सर्वाधिक चुनौतीपूर्ण कार्य भीड़ नियंत्रण का होता है। परिषद के कार्यकर्ताओं ने प्रशासन और स्थानीय पुलिस-बल के साथ मिलकर इस दायित्व का निर्वहन किया। मुख्य मार्ग से लेकर मंदिर परिसर तक श्रद्धालुओं के आवागमन को सुव्यवस्थित करने में परिषद की भूमिका सराहनीय रही। कई श्रद्धालुओं ने खुले शब्दों में कार्यकर्ताओं की इस सेवा भावना की प्रशंसा की और अपनी संतुष्टि व्यक्त की।
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं बल्कि सांस्कृतिक और सामाजिक समरसता का भी प्रतीक है। इस दिन हुलासगंज में लगने वाला मेला जहानाबाद जिले के प्रमुख आयोजनों में गिना जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए विद्यार्थी परिषद ने श्रद्धालुओं के सहयोग के लिए यह विशेष पहल की।
इस सेवा शिविर का नेतृत्व एस.एफ.एस. प्रमुख राहुल कुमार द्वारा किया गया। उनके मार्गदर्शन में नगर इकाई के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न दायित्वों का बँटवारा कर सेवाभाव के साथ कार्य किया।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से उपस्थित जिला सह संयोजक बिट्टू कुमार, नगर मंत्री सत्यम कुमार, विभाग संयोजक गोपाल शर्मा, जिला संयोजक सुरजीत कुमार, शुभांकर कुमार, नगर सह मंत्री अंकित कुमार, जयप्रकाश कुमार उज्जवल, प्रिंस कुमार, प्रदीप कुमार, हरेराम कुमार, अमन, अंकित एवं आनंद सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। इन सभी ने अपने-अपने स्तर से योगदान दिया और जन्माष्टमी मेला को सफल बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का सदैव मानना रहा है कि विद्यार्थी केवल शैक्षणिक विकास तक सीमित न रहकर समाज के लिए भी उपयोगी कार्य करें। सेवा, संस्कार और संगठन के त्रिवेणी संगम पर आधारित परिषद समय-समय पर ऐसे आयोजनों के माध्यम से समाज में सकारात्मक संदेश देती रही है। इस बार जन्माष्टमी पर लगाए गए सेवा शिविर ने भी यही दर्शाया कि संगठन के कार्यकर्ता केवल आंदोलन या शैक्षणिक मुद्दों पर ही सक्रिय नहीं रहते, बल्कि सामाजिक और धार्मिक आयोजनों में भी जनता के बीच खड़े होकर निस्वार्थ भाव से सहयोग करते हैं।
इस कार्यक्रम की सफलता ने न केवल श्रद्धालुओं को सुविधा प्रदान की बल्कि समाज में सेवार्थ विद्यार्थी अभियान की सार्थकता को भी सिद्ध किया। श्रद्धालुओं ने कहा कि इस प्रकार की पहल से मेला में आने वाली कठिनाइयाँ काफी हद तक कम हो जाती हैं और लोग श्रद्धा-भक्ति के साथ पर्व का आनंद उठा पाते हैं।