रतनी फरीदपुर प्रखंड के साथ सौतेला व्यवहार को लेकर राजद नेत्री आभा रानी ने दिया घरना


जहानाबाद
बिहार में डबल इंजन की सरकार जहानाबाद के रतनी फरीदपुर प्रखंड की जनता के साथ लगातार सौतेला व्यवहार कर रही है। वर्षों से लंबित किन्दुई से मुरहरा तक सड़क निर्माण कार्य आज भी अधूरा पड़ा है। सड़क की हालत इतनी खराब है कि ग्रामीणों के लिए दैनिक आना-जाना दूभर हो गया है। जगह-जगह गड्ढे, कीचड़ और दलदल के कारण एक साधारण बाइक तक निकल नहीं पाती। गर्भवती महिलाओं, बीमार लोगों और बच्चों को स्कूल-कॉलेज, अस्पताल जाने में भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
इसी जनसमस्या को लेकर आज राष्ट्रीय जनता दल की प्रदेश सचिव एवं पूर्व जिप अध्यक्षा आभा रानी के नेतृत्व में रतनी फरीदपुर प्रखंड मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन में दर्जनों गांवों से सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण जुटे और उन्होंने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शन में पहुंचे ग्रामीणों ने साफ शब्दों में कहा, “पता ही नहीं चलता कि रोड में गड्ढा है या गड्ढे में रोड। हम लोग सालों से इस सड़क का इंतजार कर रहे हैं। अब अगर इस सड़क का समाधान नहीं हुआ तो हम ‘रोड नहीं तो वोट नहीं’ का ऐलान करते हैं और विधानसभा चुनाव में वोट का बहिष्कार करेंगे।”
राजद नेत्री आभा रानी ने कहा कि यह सड़क रतनी फरीदपुर, किन्दुई, मुरहरा समेत दर्जनों गांवों की जीवनरेखा है। लंबे समय से लोग इसके सुधरने का इंतजार कर रहे हैं। आरईओ से पीडब्ल्यूडी में स्थानांतरित होने के बाद भी आज तक नीतीश सरकार ने इस सड़क निर्माण के लिए एक रुपये तक स्वीकृत नहीं किया है। यह दर्शाता है कि यह सरकार जहानाबाद की जनता को उनके हक से वंचित कर रही है और सिर्फ चुनाव के समय यहां आती है, उसके बाद क्षेत्र की समस्याओं से आंख मूंद लेती है।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि “अगर नीतीश सरकार ने तुरंत इस सड़क के निर्माण और 18 फीट चौड़ीकरण का आदेश जारी नहीं किया, तो राजद कार्यकर्ता और क्षेत्र के लोग सड़क पर उतरकर उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी।”
प्रदर्शन में उपस्थित लोगों ने भी साफ कर दिया है कि ‘रोड नहीं तो वोट नहीं’ अब क्षेत्र का नारा है। अगर सरकार ने ग्रामीणों की इस न्यायोचित मांग की अनदेखी की, तो इसका जवाब उसे आने वाले चुनाव में मिलेगा।
इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिलाएं, युवा, किसान, छात्र और वरिष्ठ नागरिक शामिल हुए और सभी ने एक स्वर में कहा कि यह आंदोलन अब तब तक जारी रहेगा जब तक इस सड़क का निर्माण कार्य शुरू नहीं होता।