पारंपरिक उल्लास के साथ निकली भगवान शिव की बारात, झूमते-नाचते श्रद्धालुओं से शिवमय हुआ माहौल, देर रात बराह मंदिर में शिव-पार्वती ब्याह की रस्म अदायगी

जहानाबाद
शिवरात्री पर बुधवार को यहां गांव-गांव से लेकर शहर तक पूरा महौल शिवमय होता दिखा। पूर्व के अनुभवों को देखते हुए संवेदनशील माने जा रहे शहर के मेन रोड पर प्रशासनिक स्तर पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। इसके पहले बरात निकालने के पूर्व प्रशासनिक अधिकारियों व आयोजकों के बीच बरात में डीजे के उपयोग को ले दिन भर ठनी रही। आखिरकार आयोजकों के जिद के आगे प्रशासन ने नरमी दिखाते हुए कम आवाज के साथ डीजे की अनुमति दी तो फिर बरात की पारंपरिक तरीके से निकासी की गई। शहर के सोइया घाट स्थित मंदिर परिसर से निकली बाबा भोले की बरात प्रमुख सड़कों से शिवजी की बरात गुजरी और फिर पूरा माहौल शिवभक्तों के उत्साह से सराबोर हो गया। देर रात तक श्रद्धालु बरात के साथ झूमते गाते रहे। बरात में महिला श्रद्धालुओं की भारी संख्या व उत्साह देखते ही बन रहा था। शहर से लेकर गांव-गांव तक शिवालयों में भगवान शिव के जलाभिषेक व पूजा अर्चना को लेकर सुबह से देर रात तक विभिन्न प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन होता रहा। शहर में दरधा नदी के सोईया घाट से निकली भगवान शिव जी का बारात, मलहचक मोड़, त्रिमुहानी होते मुख्य सड़क से अरवल मोड़, अस्पताल मोड़ होते बड़ी ठाकुरबाड़ी पहंुचा। ठाुकरबाड़ी में बरातियों का पारंपरिक तरीके से परिछन किया गया। जगह-जगह बरातियों का शानदार स्वागत किया गया। बरात में शामिल श्रद्धालु नर-नारी झूमते-गाते दिखे। बरात में बाबा भोले को डोली पर बिठाकर कई लोग खुद कहारी करते दिखे। भूत-पिचाश का रूप धारण कर कई लोग शामिल थे। वापसी में प्रमुख सड़कों से भ्रमण करता बरात देर रात रेलवे स्टेशन परिसर स्थित बराह भगवान के मंदिर परिसर पहुंचा, जहां पूरे विधान के साथ रात में शिव-पार्वती विवाह की रस्म अदायगी के साथ कार्यक्रम का विधिवत समापन किया गया।
कुल मिलाकर पूरे दिन माहौल में शिवभक्ति का जोर दिखा। इधर जिला प्रशास ने शहर के 45 संवेनशील स्थानो के अलावा मखदुमपुर के बाणावर सहित 13 स्थानो पर मैजिस्ट्रेट के साथ भारी संख्या में सुरक्षा बलों की प्रतिनियुक्ति कर रखी थी।
-शहर से लेकर गांव-गांव रही महाशिवरात्रि की धूम :
शिवरात्रि को लेकर शहर से गांव-गांव तक शिवालयों में विभिन्न प्रकार के धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन किया गया। सभी प्रसिद्ध शिवालयों में श्रद्धालुओं की जलाभिषेक व पूजा-पाठ के लिए दोपहर बाद से कुछ ज्यादा भीड़ दिखी। शहर के लाल मंदिर, बुढ़वा महादेव, नौनियाघाट, खत्री टोला सहित कई शिव मंदिरों में पुरूषों की तुलना में महिला श्रद्धालुओं की खासी भीड़ दिखी। सदर प्रखंड के ॑कोसडिहरा गांव में शिव मंदिर परिसर में शिवरात्री पर अखंड संकीर्तण आयोजन किया गया। अखंड संकीर्तण से पूरा माहौल गुंजायमान होता रहा। इसके इसके अलावा शाहपुर व गोडिहा गांव स्थित प्रसिद्ध शिवालयों में भी दिन भर श्रद्धालुओं का जमावड़ा लगा रहा।
